पश्चिम बंगाल के कोलकाता से सटे राजारहाट इलाके में शुक्रवार रात एक किराए के मकान में हुए जोरदार धमाके से इलाके में दहशत फैल गई। विस्फोट में मकान का एक हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया और एक व्यक्ति घायल हो गया। घायल को तुरंत स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया। इस घटना के बाद राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने इसकी जांच संभाल ही है। एनआईए की टीम ने मौके पर जाकर पूरे घटनास्थल का निरीक्षण किया है। टीम ने धमाके को लेकर स्थानीय लोगों से भी पूछताछ की है। इसके साथ ही राज्य CID, बम निरोधक दस्ता और बिधाननगर पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी भी जांच के दौरान मौके पर मौजूद रहे। इस बिधाननगर के डीसीपी ज्योतिर्मय रॉय ने बताया कि घटनास्थल से दो बम बरामद हुए हैं। उन्होंने कहा कि फिलहाल मामले की जांच जारी है। उन्होंने कहा कि घटनास्थल से कई देसी बमों के अवशेष और विस्फोटक बनाने में इस्तेमाल होने वाली सामग्री भी मिली है। बरामद बम सक्रिय हैं या निष्क्रिय, इसका पता लगाया जा रहा है। पुलिस ने मामले में एक व्यक्ति को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है। वहीं, मुख्य संदिग्ध मोहम्मद शमीम उर्फ सलीम फरार बताया जा रहा है। उसकी तलाश में लगातार छापेमारी की जा रही है। शुरुआती जांच में पुलिस ने दो लोगों से पूछताछ की और एक अन्य संदिग्ध की भी तलाश जारी है। सूत्रों के मुताबिक NIA ने इस विस्फोट का स्वतः संज्ञान लेते हुए प्रारंभिक जांच की है। एजेंसी अपनी रिपोर्ट केंद्रीय गृह मंत्रालय को सौंपेगी। रिपोर्ट के आधार पर गृह मंत्रालय यह तय करेगा कि मामले की जांच NIA को सौंपी जाए या स्थानीय पुलिस ही जांच जारी रखे। पुलिस को मिले CCTV फुटेज के अनुसार शुक्रवार रात करीब 8 बजे एक स्थानीय युवक सफेद रंग का जूट का बैग लेकर उस कमरे में गया, जिसे किराए पर दिया जाना था। युवक ने पुलिस को बताया कि बैग उसे सलीम ने दिया था और कहा था कि उसमें खाने-पीने का सामान है। युवक के मुताबिक उसने बिना बैग खोले उसे कमरे में रख दिया। कुछ ही मिनट बाद जोरदार धमाका हुआ, जिसमें वह और उसका एक दोस्त घायल हो गए। जब दोनों बाहर निकले तो सलीम वहां से फरार हो चुका था। मकान मालिक जुल्फिकार अंसारी ने बताया कि सलीम ने एक स्थानीय ब्रोकर के जरिए कमरा किराए पर लेने की बात की थी। अभी किरायानामा नहीं बना था और पुलिस सत्यापन भी नहीं हुआ था। उन्होंने केवल कमरे की सफाई के लिए उसे अस्थायी रूप से आने की अनुमति दी थी। अंसारी का दावा है कि औपचारिक प्रक्रिया पूरी होने से पहले ही धमाका हो गया।
