प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज गुरुवार को ‘सेवा यात्रा’ में शामिल प्रतिभागियों से बातचीत करेंगे। यह संवाद सुबह 9 बजे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से होगा। वडनगर से वाराणसी तक मोटरसाइकिल यात्रा कर रहे प्रतिभागी प्रधानमंत्री के साथ रास्ते के अनुभव और स्थानीय लोगों से हुई बातचीत की जानकारी साझा करेंगे। इस दिशा में यात्रा कर रहे बाइक सवारों को दस समूहों में बांटा गया है। संवाद के दौरान प्रतिभागियों को यात्रा में किए गए सेवा कार्यों और विभिन्न स्थानों पर लोगों से मिली प्रतिक्रिया के बारे में बताने का अवसर मिलेगा। ये समूह शहरों, कस्बों, तहसीलों और गांवों से गुजरते हुए स्थानीय समुदायों से मुलाकात कर रहे हैं। आकाशवाणी की रिपोर्ट के अनुसार, यात्रा का उद्देश्य युवा भागीदारी और सामुदायिक सेवा को अलग-अलग स्थानों पर जोड़ना है। प्रधानमंत्री मोदी के 76वें जन्मदिन पर 17 सितंबर को दो मोटरसाइकिल रैलियां रवाना की गई थीं। इनमें एक यात्रा गुजरात के वडनगर से उत्तर प्रदेश के वाराणसी की ओर जा रही है, जबकि दूसरी वाराणसी से वडनगर के लिए निकाली गई है। दोनों यात्राओं का समापन 7 अक्टूबर 2026 को निर्धारित है। यह आयोजन भाजपा के ‘सेवा संकल्प अभियान’ से जुड़ा है। अभियान प्रधानमंत्री मोदी के गुजरात के मुख्यमंत्री और बाद में प्रधानमंत्री के रूप में सार्वजनिक पदों पर 25 वर्ष पूरे होने के अवसर पर आयोजित किया जा रहा है। आयोजकों के मुताबिक, यात्रा के दौरान प्रतिभागी केवल निर्धारित मार्ग से आगे नहीं बढ़ रहे हैं, बल्कि विभिन्न स्थानों पर रुककर स्थानीय जरूरतों के अनुसार गतिविधियों में हिस्सा ले रहे हैं। इनमें तालाबों, मंदिरों, स्कूलों, पार्कों, अस्पतालों और अन्य सार्वजनिक परिसरों में सफाई अभियान शामिल हैं। प्रकाशित विवरण के अनुसार, कुछ स्थानों पर स्कूलों में बच्चों से बातचीत और किताबें तथा स्टेशनरी वितरित करने जैसी गतिविधियां भी की जा रही हैं। अस्पतालों, अनाथालयों और वृद्धाश्रमों में लोगों से मुलाकात तथा सहायता से जुड़े कार्यक्रम भी यात्रा का हिस्सा हैं। भाजपा की ओर से जारी बयान के अनुसार, सेवा यात्री ग्रामसभाओं में संवाद, युवाओं के साथ चर्चा और गौ सेवा जैसी गतिविधियों में भी शामिल हो रहे हैं। इसके साथ ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत पौधरोपण किया जा रहा है। आयोजकों का कहना है कि इन गतिविधियों के माध्यम से स्थानीय लोगों की भागीदारी बढ़ाने और उनकी जरूरतों को समझने का प्रयास है। आयोजकों ने यात्रा को सेवा, जनसंपर्क, युवा भागीदारी और सामाजिक-सांस्कृतिक जुड़ाव से संबंधित अभियान बताया है। उनके अनुसार, इसका उद्देश्य रास्ते में आने वाले समुदायों से सीधा संवाद करना और स्थानीय स्तर पर सेवा गतिविधियों में लोगों को शामिल करना है। प्रधानमंत्री के साथ प्रस्तावित बातचीत में प्रतिभागी इन्हीं अनुभवों को साझा करेंगे।

    By UJAGAR

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