कोलकाता के मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में छात्र-डॉक्टरों और समर्थकों ने सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक के समर्थन में 12 घंटे की प्रतीकात्मक भूख हड़ताल शुरू की। इससे पहले जादवपुर विश्वविद्यालय के छात्र भी इसी मुद्दे पर विरोध प्रदर्शन और सांकेतिक अनशन कर चुके हैं। सोनम वांगचुक लंबे समय से अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर हैं। उनकी बिगड़ती स्वास्थ्य स्थिति को देखते हुए दिल्ली पुलिस उन्हें अस्पताल ले गई थी। इसके बावजूद देशभर के कई शैक्षणिक संस्थानों में उनके समर्थन में एकजुटता अभियान जारी है। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि उनका यह सांकेतिक अनशन शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता, परीक्षा प्रणाली में सुधार और छात्रों की आवाज़ को समर्थन देने के उद्देश्य से आयोजित किया गया है। उन्होंने वांगचुक के आंदोलन के प्रति एकजुटता व्यक्त करते हुए लोकतांत्रिक तरीके से अपनी बात रखने की अपील की। सोनम वांगचुक के समर्थन में दिल्ली सहित देश के कई हिस्सों में प्रदर्शन और सांकेतिक अनशन आयोजित किए जा रहे हैं। कोलकाता मेडिकल कॉलेज का यह कदम भी इसी राष्ट्रीय एकजुटता अभियान का हिस्सा माना जा रहा है।
