आगामी 21 जून को मनाए जाने वाले ‘अंतरराष्ट्रीय योग दिवस’ (International Yoga Day 2026) को लेकर पश्चिम बंगाल की सुवेंदु अधिकारी सरकार ने एक बड़ा और कड़ा प्रशासनिक फैसला लिया है। राज्य सरकार ने सभी सरकारी अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए योग दिवस के कार्यक्रमों में शामिल होना अनिवार्य (Mandatory) कर दिया है। इस संबंध में राज्य सचिवालय ‘नबन्ना’ (Nabanna) की ओर से एक मुख्य आधिकारिक निर्देशिका (गाइडलाइन) भी जारी कर दी गई है। पश्चिम बंगाल सरकार के मुख्य सचिव (Chief Secretary) के कार्यालय की ओर से 14 जून को जारी की गई अधिसूचना के अनुसार, 21 जून को सुबह 6:30 बजे से 7:45 बजे तक सभी कर्मचारियों को निर्धारित योग स्थलों पर उपस्थित होना होगा। यह आदेश बेहद व्यापक है और इसके दायरे में राज्य सरकार के सभी स्तरों के:
स्थायी (Permanent) और अस्थायी (Temporary) कर्मचारी
कॉन्ट्रैक्ट (चार्टर्ड/अनुबंध) और दैनिक वेतनभोगी (Daily Wage) कर्मी
आउटसोर्स (थर्ड पार्टी एजेंसियों के जरिए कार्यरत) और मानदेय (Honorarium) पर काम करने वाले कर्मी
इसके अलावा सभी सार्वजनिक उपक्रमों (PSUs), स्वायत्त निकायों (Autonomous Bodies) और स्थानीय निकायों के कर्मचारियों को भी इस कार्यक्रम में अनिवार्य रूप से भाग लेना होगा। सभी कर्मचारियों को उनके संबंधित विभागों, सरकारी आवास परिसरों, या कोलकाता के रेड रोड और मिलन मेला प्रांगण में से किसी भी नजदीकी स्थान पर उपस्थित होने के निर्देश दिए गए हैं। इस साल के योग दिवस का मुख्य केंद्र बिंदु कोलकाता का ऐतिहासिक रेड रोड होने जा रहा है। यहां आयोजित होने वाले मुख्य राष्ट्रीय समारोह में खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राज्य के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी एक साथ मंच पर मौजूद रहेंगे और योग सत्र की अगुवाई करेंगे। गौरतलब है कि साल 2014 में संयुक्त राष्ट्र महासभा द्वारा 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस घोषित किए जाने के बाद से प्रधानमंत्री हर साल देश या विदेश के किसी खास शहर में जाकर योग करते हैं। इस बार उन्होंने इसके लिए कोलकाता को चुना है। इससे पहले साल 2024 में पीएम मोदी ने कश्मीर के श्रीनगर में डल झील के किनारे, 2023 में न्यूयॉर्क स्थित संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय (UN HQ) में और पिछले साल विशाखापत्तनम में योग दिवस का नेतृत्व किया था। प्रशासनिक हलकों का मानना है कि पीएम मोदी के कोलकाता आगमन और राज्य सरकार की इस सख्त गाइडलाइन के बाद इस बार पश्चिम बंगाल में योग दिवस पर जनभागीदारी का एक नया रिकॉर्ड बनने जा रहा है।
