पूरे देश में राम नवमी मनाई जा रही है। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी जी ने इस खास दिन पर राज्य के आम लोगों को दिल से बधाई दी है। बुधवार सुबह उन्होंने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर एक पोस्ट करते हुए सभी तबके के लोगों को राम नवमी की बधाई दी। हालांकि, सिर्फ बधाई ही नहीं, बल्कि मुख्यमंत्री जी ने अपील भी की कि आने वाले चुनावी माहौल में राज्य में कोई अनहोनी न हो, इसके लिए शांति और भाईचारा बनाए रखते हुए त्योहार मनाएं। इस दिन मुख्यमंत्री जी ने अपने X हैंडल पर राज्य के लोगों के नाम लिखा, “राम नवमी के इस पावन मौके पर, मैं राज्य के सभी लोगों को अपनी शुभकामनाएं देती हूं। मैं प्रार्थना करती हूं कि आप सभी स्वस्थ और शांतिपूर्ण रहें।” उनके मैसेज में एक साफ एडमिनिस्ट्रेटिव चेतावनी भी दी गई है। गौरतलब है कि पिछले कुछ सालों में राम नवमी के जुलूस और जश्न को लेकर राज्य के अलग-अलग हिस्सों से कभी-कभार अशांति की खबरें सामने आई हैं। उस पिछले अनुभव को ध्यान में रखते हुए और राज्य में अभी लागू चुनाव आचार संहिता को देखते हुए, मुख्यमंत्री जी ने बहुत सावधानी के साथ शांति बनाए रखने पर जोर दिया है। ममता जी ने संदेश दिया है कि त्योहार सभी के बीच खुशी और भाईचारे का संदेश फैलाए, और इस दौरान किसी भी तरह की फूट या अशांति की छाया न हो। हाल के सालों में, बंगाली राजनीति में राम नवमी के जश्न ने एक बिल्कुल नया और खास रूप ले लिया है। खासकर चुनाव से ठीक पहले, राजनीतिक गलियारों में भी इस त्योहार को लेकर हलचल मची हुई है। एक तरफ, भगवा खेमा पूरे राज्य में बड़े-बड़े जुलूस, शोभायात्रा और पूजा-पाठ के ज़रिए राम नवमी मनाने की अपील कर रहा है, वहीं दूसरी तरफ, सत्ताधारी तृणमूल कांग्रेस के नेता और कार्यकर्ता भी अलग-अलग इलाकों में अपने-अपने सौहार्दपूर्ण जुलूस और त्योहारों का आयोजन कर रहे हैं। राजनीतिक मुकाबले के इस माहौल में, राज्य प्रशासन राज्य के अलग-अलग संवेदनशील इलाकों में कानून-व्यवस्था की स्थिति पर कड़ी नज़र रख रहा है ताकि कानून-व्यवस्था की स्थिति और खराब न हो। मुख्यमंत्री जी के इस शांति संदेश के साथ ही, नवान्न के बड़े अधिकारियों और राज्य पुलिस की तरफ से सभी जिलों को खास चेतावनी भी भेजी गई है। चूंकि अब चुनाव का शेड्यूल लागू हो गया है, इसलिए पुलिस प्रशासन और चुनाव आयोग भी राज्य में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए काफी एक्टिव हैं। प्रशासन ने निर्देश दिया है कि अगर किसी भी जुलूस में कोई भड़काऊ नारे लगाए गए या अशांति फैलाने की कोशिश की गई, तो पार्टी की परवाह किए बिना सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी जी खुद अपनी अलग-अलग मीटिंग में हमेशा कहती रही हैं, ‘धर्म सबका है, उत्सव सबका है’। इस दिन उनकी शुभकामनाओं में भी सद्भाव का यही स्वर दिखा।
