देबराज चक्रवर्ती गिरफ्तार। सूत्रों के मुताबिक, पुरुलिया से तृणमूल के एक पूर्व पार्षद को गिरफ्तार किया गया है। बिधाननगर के पूर्व तृणमूल पार्षद देबराज ने हाई कोर्ट में अग्रिम जमानत अर्जी दी थी। देबराज गिरफ्तार होने के डर से कोर्ट गए थे। हालांकि उनकी पत्नी अदिति मुंशी को अग्रिम जमानत मिल गई थी, लेकिन देबराज की अग्रिम जमानत अर्जी खारिज हो गई थी। उसके बाद देबराज को पुरुलिया से गिरफ्तार कर लिया गया। देबराज और उनकी पत्नी अदिति मुंशी पर करोड़ों रुपये के भ्रष्टाचार के आरोप थे। देबराज शुरुआती भर्ती में भी भ्रष्टाचार के मामले में शामिल थे। इससे पहले CBI ने देबराज से इस बारे में पूछताछ की थी। कोर्ट में आरोप लगाया गया कि पति-पत्नी दोनों की संपत्ति में बेहिसाब बढ़ोतरी हुई है। सवाल-जवाब के दौरान एडिशनल एडवोकेट जनरल राजदीप मजूमदार ने सवाल उठाया कि पिछले 5 सालों में कपल की इनकम 1 करोड़ रुपये है, फिर भी वे 60 से 70 लाख की कारें खरीद रहे हैं! यह कैसे हो सकता है? शिकायतकर्ता के वकील कुमार ज्योति तिवारी ने तर्क दिया कि दंपति ने पिछले 5 वर्षों में अवैध रूप से कम से कम 100 करोड़ रुपये कमाए हैं। बिधाननगर परिषद के पूर्व मेयर देवराज और उनकी पत्नी अदिति ने इस मामले में अदिति और देवराज दोनों ने अग्रिम जमानत के लिए आवेदन किया था। चुनाव से पहले अदिति मां बन गई। देवराज पिता बन गए। उन्होंने घर पर एकरत्ती रखकर चुनाव प्रचार किया। इस मामले पर विचार करते हुए, अदालत ने अदिति को अग्रिम जमानत दे दी। अदालत ने बताया कि अदिति की अग्रिम जमानत केवल बच्चे के बेटे को ध्यान में रखते हुए दी जा रही है। हालांकि, उसे जांच में पूरा सहयोग करना होगा। हालांकि, अदालत ने देवराज की अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी। उसके बाद, पूर्व मेयर परिषद देवराज को पुरुलिया से गिरफ्तार किया गया था। संयोग से, देवराज को तृणमूल कांग्रेस में अभिषेक बनर्जी का करीबी माना जाता था। उनकी पत्नी अदिति संगीत की दुनिया के साथ-साथ राजनीति में भी गहराई से जुड़ी हुई हैं।
